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बंगाल के राज्यपाल के नियुक्त कुल पदों के वेतन-भत्तों पर रोक: SC की ममता सरकार और राज्यपाल को सलाह

कोलकाता5 घंटे पहले

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सुप्रीम कोर्ट ने 6 अक्टूबर को पश्चिम बंगाल में गवर्नर की ओर से हाल ही में राज्य के नियुक्त कुल उद्यमियों की बैठक में वेतनमान पर रोक लगा दी। अदालत ने राज्य सरकार और राज्यपाल को सलाह दी है कि एक दिन तय करें, साथ में फूल पियें और सुलह करें। चर्चा के लिए दिन तय करें समय ध्यान दें कि वह मुख्यमंत्री के लिए मनाए गए हों। आप दोनों को संस्थान और शिष्यों के अनुयायियों पर ध्यान देना चाहिए।

जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस दीपांकर स्टाफ की बेंच ने कहा कि जब तक आवेदन लंबित है, तब तक अगस्त महीने में सभी हितधारकों के लिए अंतरिम कुलपतियों को नियुक्त किया गया है।

बिहार के गवर्नर ने बंगाल के 13 मास्टर्स में अंतरिम कुलपतियों की नियुक्ति की थी। गवर्नर के इस फैसले को राज्य सरकार ने कोलकाता हाईकोर्ट में चुनौती दी थी, लेकिन गवर्नर ने नियुक्तियों को ही नियुक्त किया था। इसके बाद बंगाल सरकार ने उच्च न्यायालय के आदेश को सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती दी। कोर्ट जज पर सुनवाई कर रही है।

विपक्ष के बाहर टीएमसी का अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी
पश्चिम बंगाल में हड़ताल के दूसरे दिन 6 अक्टूबर को भी जारी होने वाली है। टीएमसी का कहना है कि हम राज्यपाल से मिले बिना यहां से नहीं जाएंगे। उधर, टीएमसी के प्रदर्शन को लेकर पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने कहा कि घेराव मत करो, घर आओ।

राज्य सरकार का आरोप है कि केंद्र सरकार ने बंगाल में मनरेगा योजना के तहत बैठक कर पैसा रोका है। इसके विरोध में टीएमसी केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही है। टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव जेनरल ने 5 अक्टूबर को गवर्नर आवास के बाहर हड़ताल शुरू कर दी थी। पार्टी के नेताओं ने रात में 6 अक्टूबर को सुबह 11 बजे से रात 9 बजे तक लेक लेक में प्रदर्शन किया।

टीएमसी सांसद ने कहा कि मैं यहां सोचता हूं और एक इंच भी आगे नहीं बढ़ूंगा जब तक राज्यपाल हमारे पद से नहीं मिलेंगे और इन दो प्रस्तावों का जवाब नहीं देंगे। उन्होंने एक्स पर लिखा- दिल्ली में अपनी आवाज उठाने के बाद, हम भाजपा के जमीदारों से न्याय चाहते हैं! लोकतंत्र के स्वयंभू संरक्षकों को लोगों को उत्तर में कितना समय लगा? आप कब तक भागते रहेंगे लोग? घड़ी की टिक-टिक कर रही है। बंगाल इंतजार कर रहा है।

बंगाल सरकार का आरोप है कि केंद्र सरकार ने बंगाल में मनरेगा योजना के तहत बैठक कर पैसा रोका है।  इसके विरोध में टीएमसी केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही है।

बंगाल सरकार का आरोप है कि केंद्र सरकार ने बंगाल में मनरेगा योजना के तहत बैठक कर पैसा रोका है। इसके विरोध में टीएमसी केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही है।

उधर, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने 5 अक्टूबर की शाम को पार्टी नेताओं के साथ आगे की रणनीति के लिए कई बैठकें कीं। ममता ने कहा कि जब तक गवर्नर हमसे नहीं मिलेंगे, हमारा विरोध जारी रहेगा।

गवर्नर की सुरक्षा को खतरे में डालने के लिए राजनीतिक नाटक डाला गया: सुवेन्दु अधिकारी
बीजेपी नेता सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि पार्टी बंगाल में संविधान को खत्म करने की कोशिश कर रही है। टीएमसी ने संवैधानिक पर अपनी बुरी नजरें गड़ा दी हैं। नासिक की सीमा से 150 मीटर की दूरी धारा 144 तक जानी चाहिए। राज्यपाल की सुरक्षा को खतरे में डालने के लिए विभिन्न राजनीतिक नाटक डाले जा रहे हैं।

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