POLITICS

600 करोड़ की ठगी का केस अब ED के पास:IFS पत्नी इटली में भारतीय दूतावास में, पति नेताओं संग उसकी फोटो दिखाकर लगाता था चूना; UP में हजारों लोगों से धोखाधड़ी

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

IFS निहारिका सिंह बड़े-बड़े नेताओं के साथ फोटो खिंचवाती और इसके बाद अजीत अपनी पत्नी का फोटो दिखाकर लोगों को आसानी से झांसे में ले लेता था। (फाइल) - Dainik Bhaskar

IFS निहारिका सिंह बड़े-बड़े नेताओं के साथ फोटो खिंचवाती और इसके बाद अजीत अपनी पत्नी का फोटो दिखाकर लोगों को आसानी से झांसे में ले लेता था। (फाइल)

600 करोड़ रुपए की ठगी के एक मामले में ED (प्रवर्तन निदेशालय) ने शुक्रवार को केस दर्ज किया है। इसमें उत्तर प्रदेश (UP) के हजारों लोगों के साथ धोखाधड़ी की गई है। मुख्य आरोपी लखनऊ के गोमतीनगर का रहने वाला अजीत गुप्ता और उसकी IFS (इंडियन फॉरेन सर्विसेज) पत्नी निहारिका सिंह हैं।

निहारिका इटली के भारतीय दूतावास में डेप्युटी चीफ ऑफ मिशन के पद पर तैनात हैं। IFS होने के कारण निहारिका के कॉन्टेक्ट कई राजनेताओं से हैं। अजीत ठगी करने के लिए पत्नी की नेताओं के साथ वाली फोटो का इस्तेमाल करता था। UP में उसके और उसकी कंपनी के सदस्यों के खिलाफ कई FIR दर्ज हैं। यूपी STF ने जुलाई 2020 में अजीत को लखनऊ के PGI इलाके से गिरफ्तार किया था।

अजीत ने ठगी के लिए 2010 में अनी बुलियन नाम से एक कंपनी बनाई थी। उसने सबसे पहले अयोध्या के आसपास के जिलों में लोगों को 40 प्रतिशत फायदे का लालच देकर करोड़ों रुपए जमा करवाए। इसके बाद पूरे उत्तर प्रदेश में अपना जाल बिछाता चला गया। IFS निहारिका सिंह भी कंपनी के कार्यक्रमों में पहुंचकर जबरदस्त फायदे का दावा करती थीं। दोनों ने मिलकर सैकड़ों किसानों से ठगी की।

अजीत गुप्ता को जब यूपी एटीएस ने गिरफ्तार कर पूछताछ की तो उसने ठगी कर 600 करोड़ रुपए कमाने की बात स्वीकार की।

अजीत गुप्ता को जब यूपी एटीएस ने गिरफ्तार कर पूछताछ की तो उसने ठगी कर 600 करोड़ रुपए कमाने की बात स्वीकार की।

ग्राहक लाने वाले एजेंट को मिलती थी फ्लैट और कार की चाबी

अनी बुलियन कंपनी में लोगों का ज्यादा से ज्यादा पैसा निवेश कराने वाले एजेंट को लाखों की महंगी कार और फ्लैट मिलता था। हर दो से तीन महीने में लखनऊ में कंपनी की मीटिंग होती थी। मीटिंग में कंपनी का MD अजीत गुप्ता ज्यादा से ज्यादा पैसे निवेश कराने वाले एजेंटों को गिफ्ट देता था। अजीत ने लोगों को बताया था कि उसका सोना, चांदी, हीरा और सिक्कों का बिजनैस है। लेकिन कंपनी ऐसा कोई काम नहीं करती थी। STF की पूछताछ में उसने ठगी से अब तक 600 करोड़ रुपए कमाने की बात कही थी।

आरोपी अजीत खुद को इस तरह पेश करता कि उसका हाव-भाव देखकर कोई भी आसानी से उसके बहकावे में आ जाता था।

आरोपी अजीत खुद को इस तरह पेश करता कि उसका हाव-भाव देखकर कोई भी आसानी से उसके बहकावे में आ जाता था।

कंपनी डायरेक्टर समेत इन लोगों के खिलाफ दर्ज है FIR

गोमतीनगर स्थित विराटखंड निवासी अजीत कुमार गुप्ता, IFS निहारिका सिंह, अयोध्या निवासी संतोष कुमार, अंजनी कौशल, शिव कुमार गोस्वामी, अजय उपाध्याय, धर्मेंद्र कौशल, मंजू कौशल, वासुदेव कौशल, आशीष तिवारी, ओमशंकर कौशल, नीलम कौशल धरनीधर उपाध्याय, राम गोपाल गुप्ता और विष्णु गुप्ता के खिलाफ ठगी समेत अन्य अन्य धाराओं में अयोध्या, सुल्तानपुर, बाराबंकी, लखनऊ व अन्य जिलों में सैकड़ों FIR दर्ज है।

Read More

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
%d bloggers like this: