POLITICS

मुंबई पुलिस ने हाई कोर्ट से कहा

  • Hindi News
  • National
  • Republic TV Arnab Goswami; TRP Scam Case Update | Mumbai Police To Bombay High Court Over Proof

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

मुंबई3 महीने पहले

  • कॉपी लिंक

पुलिस ने मामले की चार्जशीट में चैनल चलाने वाली कंपनी के मालिक, मैनेजर्स और रिपब्लिक टीवी से जुड़े कई लोगों को संदिग्ध माना है। -फाइल फोटो - Dainik Bhaskar

पुलिस ने मामले की चार्जशीट में चैनल चलाने वाली कंपनी के मालिक, मैनेजर्स और रिपब्लिक टीवी से जुड़े कई लोगों को संदिग्ध माना है। -फाइल फोटो

फेक TRP स्कैम से जुड़े मामले में बुधवार को बॉम्बे हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। इसमें मुंबई पुलिस ने दावा किया कि उसे इस मामले में रिपब्लिक टीवी और उसके एडिटर इन चीफ अर्नब गोस्वामी के खिलाफ कुछ सबूत मिले हैं इसलिए आरोपियों को सख्त कार्रवाई से कोई प्रोटेक्शन न दी जाए।

सुनवाई में रिपब्लिक टीवी के वकील हरीश साल्वे शामिल नहीं हो पाए। वहीं, दूसरे वकील परिवार में मेडिकल इमरजेंसी की वजह से नहीं आए इसलिए कोर्ट ने सुनवाई टाल दी। अगली सुनवाई 15 जनवरी को होगी।

पुलिस की ओर से पेश हुए सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने इस बात पर सहमति दी कि अगली सुनवाई तक आरोपियों पर सख्त कार्रवाई नहीं की जाएगी। इससे पहले 16 दिसंबर को हुई सुनवाई में भी सिब्बल ने कोर्ट को भरोसा दिया था अगली सुनवाई (6 जनवरी) तक गोस्वामी या कंपनी के किसी और एम्पलाई के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं की जाएगी।

BARC की शिकायत के बाद सामने आया था मामला

फेक TRP स्कैम का पिछले साल खुलासा हुआ था। ब्रॉडकास्ट ऑडियंस रिसर्च काउंसिल (BARC) ने इसकी शिकायत कर कहा था कि कुछ चैनल ऐड से ज्यादा रेवेन्यू कमाने के लिए TRP में हेराफेरी कर रहे हैं।

सिब्बल ने कहा कि BARC के साथ जांच करते हुए हमें (मुंबई पुलिस) रिपब्लिक टीवी और अर्नब गोस्वामी के खिलाफ कुछ सबूत हासिल किए हैं। उन्होंने कोर्ट को बताया कि पुलिस अगली सुनवाई के दौरान केस की स्टेटस रिपोर्ट जमा करेगी।

चार्जशीट में मालिक और मैनेजर्स को बताया संदिग्ध

रिपब्लिक टीवी चैनल चलाने वाली मीडिया कंपनी ने पिछले साल हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। उसने मांग की थी कि मुंबई पुलिस कंपनी के किसी कर्मचारी के साथ सख्ती न करे। दिसंबर में सुनवाई के दौरान मीडिया हाउस की ओर से वकील अबाद पोंडा ने कोर्ट में बताया था कि पुलिस ने मामले की चार्जशीट में कंपनी के मालिक, मैनेजर्स और रिपब्लिक टीवी से जुड़े कई लोगों को संदिग्ध माना है।

पोंडा ने शक जाहिर किया था कि इसका मतलब यह हो सकता है कि पुलिस चैनल से जुड़े किसी भी शख्स को गिरफ्तार कर सकती है। कंपनी कई बार गुजारिश कर चुकी है कि मामले को CBI या किसी और इंडिपेंडेंट एजेंसी को सौंप दिया जाना चाहिए।

Read More

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
%d bloggers like this: