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अमरनाथ यात्रा की तारीखों का ऐलान: 28 जून से 22 अगस्त तक होंगे बाबा बर्फानी के दर्शन, 1 अप्रैल से देशभर की 446 बैंक ब्रांचों में प्रवेश होगा

घोषित की

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नई दिल्ली 21 दिन पहले

अमरनाथ गुफा में प्राकृतिक रूप से हिम शिवलिंग बनता है। जीवित से श्रद्धालु यहां दर्शन करने पहुंचते हैं।

बाबा बर्फानी के भक्तों के लिए अच्छी खबर है। श्री अमरनाथ जी श्राइन बोर्ड ने यात्रा की तारीखों का ऐलान कर दिया है। इस बार अमरनाथ यात्रा 28 जून से शुरू होकर 22 अगस्त को खत्म होगी। यात्रा के लिए एडवांस पंजीकरण 1 अप्रैल से शुरू होगा, जिसे पीएनबी, जम्मू और कश्मीर बैंक के अलावा यस बैंक की देशभर में मौजूद 446 ब्रांचों से करवाया जा सकता है।

बोर्ड ने शनिवार को बैठक में ये फैसला लिया। सुरक्षा के कारण इस बार यात्रा 56 दिन तक चली गई। आषाढ़ चतुर्थी से रक्षा बंधन तक श्रद्धालु बाबा अमरनाथ के दर्शन कर सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक इस बार यात्रा सिर्फ बालटाल रूट से कराई जा सकती है। यात्रा का पारंपरिक रास्ता पहलगाम, चंदनवाड़ी, शेषनाग, पंचतरणी से होते जाता है।

अमरनाथ गुफा तक जाने के लिए इस साल केवल बालटाल रूट का ही इस्तेमाल किया जा सकता है।) दूसरी पारंपरिक रूट से यात्रा को लेकर वर्तमान में कोई जानकारी नहीं है।

श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड के चेयरमैन और उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शनिवार को राजभवन में बोर्ड के सदस्यों की बैठक की। इसमें यात्रा के शेड्यूल के साथ ही कई आवश्यक मुद्दों पर चर्चा हुई। कई राज्यों में कोरोना संक्रमण की वापसी के कारण यात्रा के दौरान को विभाजित प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन किया जाएगा। बैठक में श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड ने पुजारियों की सैलरी 1000 से बढ़ाकर 1500 रुपए रोज़ाना करने का फैसला किया है।

जे में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा की पैठ में श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड की बैठक हुई, जिसमें यात्रा हुई की तारीखों पर फैसला हुआ।

पिछले साल कोरोना की वजह से रद्द हो गई थी यात्रा कोरोना के नेतृत्व में पिछले साल अमरनाथ यात्रा को लेकर काफी खींचतान हुई थी। जम्मू के राजभवन में 22 अप्रैल को हां-ना-हां-ना का दौर चला गया था। पहले राजभवन ने अमरनाथ यात्रा निरस्त करने की जानकारी दी, लेकिन बाद में उस राष्ट्रपति को को कैंसिल कर दिया गया। घंटेभर बाद एक और राष्ट्रपति रिहाई में सफाई देते हुए कहा गया कि कोरोना के नेतृत्व में तय तारीखों में यात्रा करवाना संभव नहीं है। हालांकि तब तक भी यात्रा होगी या नहीं, इस पर बाद में फैसला करने की बात कही गई थी। हालात को देखते हुए आखिरकार यात्रा रद्द कर दी गई थी।

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